चिनाब ब्रिज को बनने में इतना समय क्यों लगा? इसकी खासियतें क्या-क्या हैं? आखिर जम्मू-कश्मीर में रेलवे का इतिहास क्या है? भारत को इस पुल की जरूरत क्यों है और यह किस तरह कूटनीतिक तौर पर देश को मजबूत स्थिति में पहुंचाएगा?
जम्मू || 272 किलोमीटर लंबे उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेलवे लिंक के सबसे अहम पड़ाव कहे जाने वाले चिनाब रेलवे ब्रिज का उद्घाटन आज हुआ । महज 1315 मीटर लंबा यह पुल पूरे प्रोजेक्ट का सबसे कठिन और सबसे ज्यादा समय लेने वाला हिस्सा है। इस ब्रिज को बनाने के फैसले से लेकर उद्घाटन तक में 22 साल का समय लगा। प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी शुक्रवार सुबह 11 बजे जम्मू में चिनाब नदी पर बने दुनिया के सबसे ऊंचे रेलवे आर्च ब्रिज का तिरंगा दिखाकर उद्घाटन किया। पीएम यहां करीब एक घंटा रहे। इस दौरान वे रेलवे के अफसरों और ब्रिज बनाने वाले कर्मचारियों से मुलाकात की।
पीएम इंजन में बैठकर चिनाब आर्च ब्रिज से केबल स्टे अंजी ब्रिज तक पहुंचे। यहां उन्होंने रेलवे के अंजी ब्रिज का भी उद्घाटन किया।
इसके बाद पीएम कटरा रेलवे स्टेशन पहुंचेंगे और कश्मीर को देश के बाकी हिस्से से जोड़ने वाली कटरा-श्रीनगर वंदे भारत ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके अलावा 46 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा के अन्य डेवलपमेंट प्रोजेक्ट का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे। वे कटरा स्टेडियम में एक जनसभा भी करेंगे।
एक आर्क ब्रिज से कैसे वर्षों से अटका रहा जम्मू-कश्मीर घाटी का रेलवे जुड़ाव?
1897: जम्मू-कश्मीर में पहली रेल लाइन जम्मू से सियालकोट जाने वाले 40-45 किलोमीटर के मैदानी रास्ते पर बिछाई गई।
1947: बंटवारे के बाद सियालकोट पाकिस्तान के पास गया। अगले 28 साल तक जम्मू सिर्फ सड़क मार्ग से ही पूरे देश के बाकी हिस्सों से जुड़ा रहा।
1975: पंजाब के पठानकोट से जम्मू को जोड़ने वाली रेल लाइन का उद्घाटन हुआ।
1983: जम्मू-उधमपुर के बीच 53 किलोमीटर का रेल लाइन प्रोजेक्ट शुरू हुआ। इसमें 50 करोड़ के खर्च का अनुमान आया।
1994: जम्मू-उधमपुर रेल लाइन को श्रीनगर और फिर बारामूला तक बढ़ाने का एलान कर दिया गया।
1995: उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेलवे लाइन प्रोजेक्ट को मार्च में मंजूरी मिली। उस वक्त इसका अनुमानित खर्च 2500 करोड़ रुपये था।
वंदे भारत ट्रेन कल से शुरू होगी
नॉर्दर्न रेलवे 7 जून से कटरा-श्रीनगर रूट पर वंदे भारत ट्रेन सर्विस शुरू कर देगी। IRCTC की वेबसाइट पर टिकट बुकिंग की जा सकेगी। हफ्ते में 6 दिन दो ट्रेनें कटरा और श्रीनगर के बीच चलेंगी।
नॉर्दर्न रेलवे ने बताया कि ट्रेन में दो ट्रैवल क्लास हैं। चेयरकार का किराया 715 रुपए और एक्जीक्यूटिव क्लास का किराया 1320 रुपए है। अभी ट्रेनें सिर्फ बनिहाल में रुकेंगी, अन्य स्टॉपेज पर फैसला बाद में होगा।
