दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मिलने की परमिशन न देने के मामले में आज दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। AAP सांसद संजय सिंह ने याचिका में कहा कि उन्हें तिहाड़ जेल के अधिकारियों द्वारा केजरीवाल से मिलने की अनुमति नहीं दी जा रही है।
4 सितंबर को पिछली सुनवाई में संजय सिंह की तरफ से सीनियर एडवोकेट राहुल मेहरा पेश हुए थे। उन्होंने कहा था कि संजय सिंह ने केजरीवाल से मिलने के लिए दो बार परमिशन मांगी, लेकिन जेल अधीक्षक ने मनमाने ढंग से कैंसिल कर दिया। वे जनप्रतिनिधि हैं, ऐसे में उन्हें सीएम से मिलने की अनुमति देनी चाहिए।
राहुल मेहरा की दलील के बाद जस्टिस नीना बंसल कृष्णा के बेंच ने जेल अधिकारियों को नोटिस जारी किया और उन्हें जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया था।
आप सांसद संजय सिंह के वकील का आरोप – तिहाड़ प्रशासन लिखित कारण नहीं बता रहा राहुल मेहरा ने कहा कि AAP सांसद को जेल अधीक्षक मिलने नहीं दे रहे। वे दिल्ली प्रीजन रूल 2018 के नियम 588 का हवाला देकर कहते हैं कि आवेदक पूर्व कैदी हैं। इसलिए उन्हें नहीं मिलने दिया जाएगा। जेल अधीक्षक कोई लिखित कारण भी नहीं बताते हैं, जबकि नियम 616 के अनुसार कारणों को बताना जरूरी है।
संजय के वकील का कहना है कि याचिकाकर्ता राज्यसभा में सांसद हैं। वे जनप्रतिनिधि हैं और आम आदमी पार्टी के सदस्य भी हैं। याचिकाकर्ता की ओर से मुलाकात के अधिकार को बार-बार नकारना संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत उसके मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है।
याचिका में दलील दी गई है कि मौलिक अधिकार के दायरे में जेल में बंद अपने परिवार के सदस्यों और मित्रों से मिलने का अधिकार भी आता है।