उत्तर भारत के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचाने के लिए एम्स नई दिल्ली की डॉक्टरों और नर्सों की टीम ने अपने अभियान की शुरुआत कर दी है।
नई दिल्ली: उत्तर भारत के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचाने के लिए एम्स नई दिल्ली की डॉक्टरों और नर्सों की टीम ने अपने अभियान की शुरुआत कर दी है। टीम ने अपनी यात्रा पंजाब के अजनाला क्षेत्र से शुरू की, जो बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित इलाकों में से एक है।
इसके बाद यह टीम रामदास और अन्य प्रभावित इलाकों में जाएगी, जहाँ चिकित्सा सहायता और मानवीय सहयोग प्रदान किया जाएगा। एम्स की यह पहल न केवल स्वास्थ्य सेवाओं तक सीमित है, बल्कि यह पीड़ितों के बीच विश्वास और सहानुभूति का संचार भी कर रही है। दवाइयों, चिकित्सीय विशेषज्ञता और करुणा के साथ एम्स की यह टीम बाढ़ पीड़ितों तक “हीलिंग टच” पहुँचाने का प्रयास कर रही है।
दरअसल, पंजाब के कई जिले इस वक्त भयंकर बाढ़ की चपेट में है तो वहीं लगातार हो रही बारिश ने भी परेशानियां और बढ़ा दी है। लेकिन अब बारिश से राहत मिलने की संभावना है। आज से मौसम खुलने का अनुमान है। हालांकि आसमान में बादलों की आवाजाही जारी रहेगी लेकिन धूप निकलने से लोगों को काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है।
भारतीय सेना पंजाब के फाजिल्का जिले के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री उपलब्ध कराने और लोगों को बचाने का काम में जुटी है। वहीं केंद्रीय टीम बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर रही है। पठानकोट और तरनतारन में गई टीम ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायज़ा लिया। इस वक्त पंजाब के 1 हजार 948 गांवों के 3 लाख 84 हजार 322 लोग बाढ़ से प्रभावित हैं।



