उज्जैन || उज्जैन की पुलिस लाइन नागझिरी में सालो से उबड़ खाबड़ पड़ी जमीन जहा एक समय पर बारिश का पानी एकत्रित हो जाता था उसे आज पुलिस विभाग के अतत प्रयास से खेल मैदान के रूप में तब्दील कर दिया गया है आज यह चिल्ड्रन पार्क और ओपन जिम के साथ पुरानी बदरंग दीवार पर रंगरोगन के साथ क्रिकेट, मार्शल आर्ट के बैनर भी लगाए हैं। और आगे इस जगह बारिश का पानी एकत्रित ना हो इसके लिए मोरम गिट्टी डालकर गद्दों को भर दिया गया है
पूरा परिसर सीसीटीवी की निगरानी में है। आरआई रणजीत सिंह बताते हैं कि एडीजी उमेश जोगा एक बार यहां के निरीक्षण पर आए। उन्होंने दीवार की ओर देखकर कहा कि बदरंग हो गई है, रंगरोगन करवाएं। साथ ही उससे सटे मैदान का भी क्या उपयोग किया जा सकता है। इसका पूरा प्लान बनाकर भेजिए। विचार विमर्श किया तो यह निष्कर्ष निकाला कि दीवार पर रंगरोगन कर दिया जाएगा।
साथ ही उससे सटी जगह में चिल्ड्रन पार्क और ओपन जिम बनाई जाए, जो पुलिस लाइन के बच्चों के लिए यह पार्क भी मिल जाएगा और जो युवा जिम जाने की इच्छा रखते हैं, उनके मन की जाएगी। इसकी प्लानिंग कर एडीजी जोगा को भेजी। उन्होंने मंजूरी दे दी। बोले जैसा दिखाया है, वैसा ही बनाना, मैं आकर देखूंगा। आखिर हुआ भी प्लानिंग के मुताबिक।
दीवार के बदले स्वरूप को देखकर कोई नहीं कह जा सकता कि यह वही दीवार है। रही बात चिल्ड्रन पार्क और ओपन जिम की तो यहां सुबह-शाम की भीड़ को देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि बच्चों के साथ रहवासी भी खुश हैं।
बदलाव के लिए अतिरिक्त खर्च नहीं किया
पुलिस लाइन में किए बदलाव के लिए कोई अतिरिक्त खर्च नहीं किया। आरआई सिंह का कहना है बाउंड्रीवाल की बात आई तो करीब 5 लाख रुपए खर्च बैठ रहा था। पुराने और अनुपयोगी बैरिकेड्स को उठाकर यहां लगा दिए। उस पर सफेद रंग कर दिया। बोर्ड भी यहीं से निकले लोहे के एंगल से बनवाया है। ओपन जिम के उपकरण भी सीएसआर फंड से मिल गए हैं।
कीचड़ की समस्या से भी मिल गई मुक्ति
मैदान के इस हिस्से में हर वर्ष बारिश में या तो पानी जमा हो जाता था या कीचड़। इससे लाइन में बीमारी का खतरा भी बना रहता था। अब वहां मोटी गिट्टी बिछा दी है। इससे पानी रिसकर जमीन में चला जाता है और बारिश में भी यहां जल जमाव की स्थिति नहीं बनती। ऐसा भी देखा कि दोपहर में बारिश हुई और शाम को मौसम खुल गया तो बच्चे रोज की तरह यहां पहुंच गए।