महिदपुर (उज्जैन): पंजाब के शाही इमाम हजरत मौलाना उस्मान रहमान लुधियानवी आज उज्जैन जिले के महिदपुर पहुंचे, जहाँ स्थानीय नागरिकों और गणमान्य हस्तियों ने उनका जोरदार और ऐतिहासिक स्वागत किया। मौलाना लुधियानवी के नगर आगमन पर फूलों की वर्षा की गई और उनके सम्मान में नारे लगाए गए।
दशहरा मैदान पर विशाल तकरीर प्रोग्राम
महिदपुर के दशहरा मैदान पर शनिवार रात 9:00 बजे एक विशाल रूहानी जलसे और तकरीर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत तिलावते कुरान-ए-पाक से हुई। शाही इमाम को करीब से सुनने और देखने के लिए महिदपुर के साथ-साथ आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे।
शांति और भाईचारे का संदेश
अपने संबोधन में हजरत मौलाना उस्मान रहमान लुधियानवी ने मुल्क की एकता, आपसी भाईचारे और अमन-चैन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि “इंसानियत की सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है।” उन्होंने समाज में फैली बुराइयों को दूर करने और शिक्षा के महत्व पर भी प्रकाश डाला। उनकी तकरीर ने मौजूद जनसमूह को भावविभोर कर दिया।
प्रशासनिक व्यवस्था रही चाक-चौबंद
इतने बड़े आयोजन और भारी भीड़ को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस द्वारा सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। दशहरा मैदान पर बैठने की विशेष व्यवस्था के साथ-साथ वॉलंटियर्स भी सक्रिय रहे ताकि व्यवस्था बनी रहे। कार्यक्रम के अंत में मुल्क की खुशहाली और तरक्की के लिए विशेष दुआ मांगी गई।
