Jan Samvad Express Digital
Breaking News
Image default
Breaking Newsइंदौरइंदौर संभागमध्यप्रदेशराज्यराष्ट्रीय

इंदौर में रविवार को इस मौसम की सबसे ठंडी रात रही

इस सीजन में अब तक कमजोर रही ठण्ड के तेवर बदलने लगे हैं। उत्तरी भारत से आ रही ठण्डी हवाओं का असर इंदौर सहित मालवा-निमाड़ के कई हिस्सों में हुआ है। इंदौर में पहली बार रात का तापमान 13 डिग्री सेल्सियस के नीचे आया है। ऐसी ही ठिठुरन सोमवार सुबह भी रही।

मौसम वैज्ञानिकों ने अगले दो-तीन दिन ऐसी ही ठण्ड रहेगी और दिन में भी तेज हवा चलेगी। यहां 24 घंटे में दिन में 1 और रात में 2 डिग्री की गिरावट आई है। सर्दी से एक युवक की मौत होने की सूचना भी है।

मौसम में बदलाव शनिवार दोपहर बाद आया था जब 13 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चली थी जिससे तापमान में पारा नीचे आना शुरू हुआ। हवा के प्रभाव से दिन का पारा 25.6 (-2) तथा रात का तापमान 14.2 (+3) डिग्री सेल्सियस पर आ गया।

इसके बाद रविवार को भी दिन में हवा की रफ्तार 15 किमी प्रति घंटा रही। इससे दिन के तापमान में गिरावट आई और तापमान 24.2 (-3) डिग्री सेल्सियस पर आ गया। फिर देर शाम से मौसम में और ठण्डक घुली तथा रात का तापमान इस सीजन में पहली बार 12.6 (+2) डिग्री सेल्सियस पर आ गया।

रात को सड़कों पर लोग ठिठुरते नजर आए। आमतौर पर रविवार अवकाश होने से शहर में रात को खान-पान का जो बाजार का नजारा रहता है वहां रात को इसका असर दिखा। इसके पूर्व इस बार 13 दिसम्बर की रात का तापमान 13.8 (+3) डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था।

इधर, सुबह सोमवार कोहरा नहीं था जबकि दृश्यता 4 हजार मीटर की थी। इसके साथ ही सर्द हवाओं से काफी कंपकपी थी। इस दौरान हवा की रफ्तार 8 किमी प्रति घंटा थी। फिर धूप निकलने के बावजूद ठिठुरन बनी हुई था।

मौसम वैज्ञानिक अशफाक हुसैन के मुताबिक राजस्थान के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में बने चक्रवाती हवा के घेरे का असर होने से शनिवार को मौसम बदलाव आना शुरू हुआ है। इस घेरे के कारण अरब सागर से नमी आई तो मौसम में हुए बदलाव के कारण दिन में फिर ठंडक बढ़ गई। उत्तरी हवाओं ने कंपकंपा दिया है।

Related posts

बाबा महाकाल का भस्म-आरती में श्री कृष्ण स्वरूप शृंगार:त्रिपुंड में नजर आए श्रीनाथ जी

नये साल के स्वागत के लिए रिकॉर्ड संख्या में पहुंचे पर्यटक, प्रशासन की माकूल व्यवस्थाएं

Jansamvad Express Digital

गाय और गोरी के पूजन में दिखी अनूठी आस्था , ग्रामीण जान जोखिम में डाल कर निभा रहे परम्परा ,

Jansamvad Express Digital

Leave a Comment