इंदौर/उज्जैन || : इंदौर में लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान आज एक अनोखा और भक्तिमय नजारा देखने को मिला। कार्यक्रम स्थल (भारत जोड़ो मैदान) के रास्ते में बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से आए डमरू, झांझ और मजीरे बजाने वाले कलाकारों ने ऐसी धमाकेदार प्रस्तुति दी कि रास्ते से गुजरने वाला हर शख्स मंत्रमुग्ध होकर रुक गया।
धार्मिक और सांस्कृतिक रंग में सराबोर युवाओं की इस टोली ने कार्यक्रम की सियासी तपिश के बीच इंदौर की सड़कों को शिवभक्ति और उत्साह के सुरों से सरोबार कर दिया।
रास्ते में उमड़ा हुजूम, डमरू की थाप पर थिरके युवा
उज्जैन से विशेष रूप से आए पारंपरिक कलाकारों और युवाओं के इस दल ने जैसे ही इंदौर के रीजनल पार्क मार्ग और आयोजन स्थल के रास्तों पर डमरू की थाप और झांझ-मजीरे की जुगलबंदी शुरू की, पूरा माहौल गुंजायमान हो गया।
- * महाकाल की गूंज: कलाकारों ने पारंपरिक वेशभूषा में भगवान शिव के भजनों और तांडव स्तोत्र की धुनों पर झांझ-मजीरे बजाए।
- * झूम उठे छात्र: परीक्षाओं के तनाव और रोजगार के मुद्दों को लेकर पहुंचे हजारों छात्रों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं का जोश इन कलाकारों को देखकर दोगुना हो गया। रास्ते भर युवाओं की भारी भीड़ इन कलाकारों के साथ थिरकती और वीडियो बनाती नजर आई।
- * दिखा अनोखा क्रेज: कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे कई युवा राहुल गांधी के रंग में रंगे थे, तो किसी ने अपने शरीर पर विशेष टैटू गुदवा रखे थे। बुजुर्गों में भी इस सांस्कृतिक प्रस्तुति को लेकर गजब का उत्साह देखा गया।
आपको बता दें कि राहुल गांधी के इंदौर आगमन पर स्वागत को खास बनाने के लिए महिला कांग्रेस अध्यक्ष रीना बौरासी सेतिया ने उज्जैन के महाकाल मंदिर के प्रसिद्ध डमरू बजाने वाले कलाकारों को विशेष रूप से बुलवाया था। एयरपोर्ट से लेकर कार्यक्रम स्थल तक डमरू की गूंज और शिवनाद के साथ कलाकारों ने राहुल गांधी का स्वागत किया, जिसने पूरे माहौल को शिवमय बना दिया।


