Jan Samvad Express Digital
Breaking News
Image default
Breaking Newsअंतरराष्ट्रीयअपराधभोपालभोपाल संभागमध्यप्रदेशराजनीतिराज्यराष्ट्रीय

बड़ी खबर: BJP विधायक प्रीतम लोधी का बेटा ‘फरार’ घोषित, कोर्ट का सख्त आदेश– ‘फाइल पर लाल स्याही से लिखो अभियुक्त फरार है’

ग्वालियर: मध्य प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कद्दावर विधायक प्रीतम सिंह लोधी के बेटे दिनेश लोधी की मुश्किलें बेहद बढ़ गई हैं. ग्वालियर की विशेष एससी-एसटी अदालत ने एक आपराधिक मामले में सुनवाई के दौरान दिनेश लोधी को भगोड़ा (फरार) घोषित कर दिया है. इसके साथ ही कोर्ट ने पुलिस को उसे देखते ही गिरफ्तार करने के लिए स्थायी वारंट भी जारी कर दिया है. 
अदालत ने इस मामले में नाराजगी जताते हुए कड़े निर्देश दिए हैं कि प्रकरण के रिकॉर्ड के मुख्य पृष्ठ पर लाल स्याही से बड़े अक्षरों में ‘अभियुक्त फरार है’ दर्ज किया जाए और फाइल को सुरक्षित रखा जाए.

दिसंबर 2023 से पुलिस को छका रहा है विधायक पुत्र

अदालत के आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी दिनेश लोधी (40 वर्ष), निवासी जलालपुर (ग्वालियर), के खिलाफ पुरानी छावनी थाने में एससी-एसटी एक्ट (SC-ST Act) के तहत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज है. 
  • ढाई साल से फरार: इस मामले में कोर्ट ने सबसे पहले 28 दिसंबर 2023 को दिनेश लोधी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था.
  • पुलिस की नाकामी: तब से लेकर अब तक पुलिस आरोपी को गिरफ्तार करने में नाकाम रही है.
  • अदालत में पंचनामा पेश: पुरानी छावनी थाने के प्रधान आरक्षक संजय द्विवेदी ने कोर्ट में अदम तामील वारंट (जिसकी तामीली न हो सकी हो) और तस्दीक पंचनामा पेश किया. इसी रिपोर्ट के आधार पर विशेष जज ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 299 के तहत आरोपी को फरार घोषित कर दिया.

विवादों से पुराना नाता: पहले भी आ चुका है ‘थार कांड’ में नाम

विधायक प्रीतम लोधी का बेटा दिनेश लोधी पहले भी अपने कारनामों की वजह से सुर्खियों में रह चुका है. कुछ समय पहले शिवपुरी जिले के करैरा में दिनेश लोधी पर अपनी तेज रफ्तार थार गाड़ी से सड़क किनारे चल रहे 5 लोगों (जिनमें बाइक सवार और महिला शिक्षक शामिल थीं) को बेरहमी से कुचलने का आरोप भी लगा था. उस दौरान गाड़ी पर ‘विधायक’ की नेमप्लेट लगी हुई थी, जिसके बाद जमकर राजनीतिक बवाल हुआ था. तब खुद विधायक प्रीतम लोधी ने सफाई देते हुए कहा था कि वे अपने बेटे को अच्छे संस्कार नहीं दे पाए.|
अब एससी-एसटी एक्ट के मामले में अदालत द्वारा उसे आधिकारिक रूप से ‘भगोड़ा’ घोषित किए जाने के बाद ग्वालियर पुलिस पर आरोपी विधायक पुत्र को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजने का भारी दबाव बन गया है. 

Related posts

एयर पोर्ट के लिए इंदौर उज्जैन रोड पर जगह देख रहा प्रशासन

मिजोरम में 03 दिसंबर को नहीं होगी मतगणना , इसाई समाज की मांग पर 04 दिसंबर को की जाएगी मतगणना

गर्मी की शुरुवात के साथ भगवान महाकाल को होगा ठन्डे जल का अभिषेक

Jansamvad Express Digital

Leave a Comment