इंदौर में दस दिन से पारा 42 डिग्री के पार ही चल रहा है। आज यानी शनिवार से रोहिणी नक्षत्र भी लग गया है। यह नक्षत्र नौ दिनों तक प्रभावी रहेगा यानी और भीषण गर्मी। 1994 में इंदौर का पारा 46 डिग्री के पार जा चुका है।
इस साल देखें तो पूर्वी इंदौर में पारा 45 पार निकल चुका है। पश्चिम में 44.5 डिग्री तक पहुंच चुका है। ऐसे में अनुमान है कि इस बार पारा 46 डिग्री पार जा सकता है। यदि ऐसा होता है तो इंदौर 30 साल पुराना 1994 अपना ही रिकॉर्ड तोड़ देगा। हालांकि नौतपा में बीच-बीच में बादल भी छाने की उम्मीद है।
इधर उज्जैन में भी आज से नो तपा की शुरुवात
उज्जैन में भीषण गर्मी सता रही है। शहरवासी गर्मी से बचने के लिए तरह तरह के जतन कर रहे है तो वहीं महाकाल मंदिर समिति ने भी श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत देने के लिए कई उपाय किए है। देश विदेश से आने वाले श्रद्धालु इतनी भीषण गर्मी में भी बड़ी संख्या में महाकाल मंदिर के दर्शन के लिए पहुंच रहे है। शनिवार होने चलते बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ मंदिर में थी। नवतपा का पहला दिन होने के बाद भी आस्था कम नहीं हुई थी। गर्मी में लाइन में लगे श्रद्धालुओं के पैर गर्मी में नहीं जले इसके लिए मंदिर समिति ने 10 कर्मचारियों को पुरे परिसर में ठंडे पानी को डालने की ड्यूटी लगाई है।
