उज्जैन। हम्मालवाड़ी क्षेत्र में बुधवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। 50 साल पुराना दो मंजिला मकान अचानक ढह गया। मलबे में दबने से मोहर्रम का जुलूस देखने आए 12 वर्षीय बच्चे असरान की मौत हो गई, जबकि उसकी नानी खुर्शीद बी गंभीर रूप से घायल हो गईं।
कैसे हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसा सुबह करीब 9 बजे हुआ। मकान के पास एक नए भवन का निर्माण चल रहा था। निर्माण के लिए मकान से सटाकर गहरे गड्ढे खोदे गए थे। खुदाई के कारण पुराने मकान की नींव कमजोर हो गई और अचानक पिछला हिस्सा भरभराकर गिर पड़ा।
उस समय असरान अपनी नानी खुर्शीद बी के साथ मकान में मौजूद था। दोनों मलबे में दब गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत रेस्क्यू शुरू किया और पुलिस-दमकल को सूचना दी। जेसीबी की मदद से करीब 30 मिनट की मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला गया।
1. *असरान, 12 साल*: अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
2. *खुर्शीद बी, नानी*: सिर और छाती में गंभीर चोटें। उन्हें फौरन निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार हालत नाजुक बनी हुई है।
प्रशासन जांच में जुटी
घटना की सूचना पर कोतवाली पुलिस और नगर निगम की टीम मौके पर पहुंची। प्रारंभिक जांच में निर्माणाधीन साइट पर बिना शोरिंग-सपोर्ट के गहरी खुदाई को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।
SDM ने बताया कि पुराने मकान की हालत पहले से जर्जर थी। फिर भी बगल में गहरी खुदाई से नींव बैठ गई। मकान मालिक और निर्माणकर्ता के खिलाफ लापरवाही से मौत का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता देने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
स्थानीय लोगों में आक्रोश
हम्मालवाड़ी के लोगों का कहना है कि तंग गलियों में बिना अनुमति और बिना सुरक्षा उपायों के गहरी खुदाई हो रही है। निगम को ऐसे निर्माण पर तुरंत रोक लगानी चाहिए वरना और हादसे होंगे।



